यमन में हूती विद्रोहियों के मिसाइल हमलों से बढ़ा तनाव, अदन एयरपोर्ट और राष्ट्रपति महल निशाने पर!
यमन में हूती विद्रोहियों के मिसाइल हमलों से बढ़ा तनाव, अदन एयरपोर्ट और राष्ट्रपति महल निशाने पर!
अदन, यमन। यमन में हूती विद्रोहियों और सऊदी अरब समर्थित सरकार के बीच संघर्ष एक बार फिर सुर्खियों में है। यमन सरकार के अनुसार, हूती लड़ाकों ने शुक्रवार को अदन स्थित राष्ट्रपति महल और अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को निशाना बनाते हुए बैलिस्टिक मिसाइल हमले किए। हालांकि, इन हमलों में जान-माल के नुकसान की आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई।
मक्का क्षेत्र में ड्रोन हमले को लेकर आमने-सामने
इस बीच सऊदी अरब ने दावा किया कि उसकी वायु रक्षा प्रणाली ने मक्का क्षेत्र में हूती विद्रोहियों की ओर से भेजे गए एक हमलावर ड्रोन को मार गिराया।
दूसरी ओर, हूती संगठन ने इस दावे को पूरी तरह खारिज कर दिया। संगठन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा कि उसने मक्का को निशाना बनाकर कोई ड्रोन नहीं भेजा और न ही शुक्रवार को सऊदी अरब के किसी इलाके में सैन्य कार्रवाई की।
पवित्र शहर मक्का की सुरक्षा पर चिंता
मक्का इस्लाम धर्म के सबसे पवित्र स्थलों में शामिल है, जहां हर साल लाखों श्रद्धालु हज और उमरा के लिए पहुंचते हैं। इससे पहले भी सऊदी अरब मक्का और मदीना की ओर कथित हवाई हमलों को नाकाम करने के दावे करता रहा है, जबकि हूती संगठन ऐसे आरोपों से इनकार करता आया है।
एयर इंडिया की सेवाएं स्थगित करने की खबर
रिपोर्ट के अनुसार, सुरक्षा संबंधी चिंताओं के चलते एयर इंडिया और एयर इंडिया एक्सप्रेस ने सऊदी अरब के लिए अपनी उड़ान सेवाएं 14 नवंबर तक स्थगित करने का निर्णय लिया था। दोनों एयरलाइंस रियाद, जेद्दा और दम्मम के लिए यात्री सेवाएं संचालित करती थीं।
पश्चिम एशिया में सुरक्षा को लेकर बढ़ी चिंता
यमन में जारी संघर्ष और सऊदी अरब के खिलाफ हमलों के आरोप क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए चुनौती बने हुए हैं। ऐसे घटनाक्रमों का असर अंतरराष्ट्रीय विमान सेवाओं, व्यापारिक गतिविधियों और क्षेत्रीय स्थिरता पर पड़ सकता है।
