Massive Explosion at Chinese Coal Mine Death Toll Rises to

चीन की कोयला खदान में भीषण विस्फोट, मृतकों की संख्या 85 से ज्यादा पहुंची

चीन की कोयला खदान में भीषण विस्फोट, मृतकों की संख्या 85 से ज्यादा पहुंची

राष्ट्रपति जिनपिंग बोले- दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा

-प्रधानमंत्री ने दिए जांच के आदेश

बीजिंग : चीन के शांक्सी प्रांत स्थित एक कोयला खदान में हुए भीषण विस्फोट में मरने वालों की संख्या बढ़कर 85 से अधिक हो गई है। इसे चीन में पिछले एक दशक का सबसे बड़ा कोयला खदान हादसा माना जा रहा है। हादसे के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई और बड़े स्तर पर राहत एवं बचाव अभियान चलाया जा रहा है। घटना पर राष्ट्रपति जिनपिंग ने शोक जाहिर करते हुए कहा, दुर्घटना के जिम्मेदार लोगों को बख्शा नहीं जाएगा।
यह दुर्घटना 22 मई को शांक्सी तोंगझू ग्रुप द्वारा संचालित लिउशेन्यू कोयला खदान में हुई। शुक्रवार शाम स्थानीय समयानुसार 7:29 बजे हुए इस विस्फोट के समय खदान के अंदर 247 कर्मचारी काम कर रहे थे। चीन के सरकारी मीडिया रिपोर्ट के अनुसार जहां हादसा हुआ वह शांक्सी प्रांत के किनयुआन काउंटी में स्थित है, जो राजधानी बीजिंग से करीब 520 किलोमीटर दक्षिण-पश्चिम में स्थित है। विस्फोट से पहले खदान में कार्बन मोनोऑक्साइड गैस का अलर्ट जारी किया गया था। कुछ ही देर बाद जोरदार धमाका हुआ, जिसने खदान के भीतर काम कर रहे मजदूरों को चपेट में ले लिया। घटना के समय खदान के अंदर कुल 247 मजदूर मौजूद थे। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि कितने लोग अब भी अंदर फंसे हुए हैं। बचाव दल लगातार राहत कार्य में जुटे हुए हैं और लापता मजदूरों की तलाश जारी है।
हादसे के बाद शुरुआती रिपोर्ट में केवल 8 लोगों की मौत की पुष्टि की गई थी और बताया गया था कि 200 से अधिक मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है। हालांकि बाद में मृतकों का आंकड़ा तेजी से बढ़कर 82 और फिर ज्यादा बताई गई है। आधिकारिक तौर पर सरकारी मीडिया ने भी यह स्पष्ट नहीं किया है, कि मौतों का आंकड़ा अचानक इतनी तेजी से कैसे बढ़ा।
चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने हादसे पर गहरा दुख जताते हुए बचाव एजेंसियों को लापता लोगों को खोजने के लिए हरसंभव प्रयास करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि इस दुर्घटना के जिम्मेदार लोगों को किसी भी हालत में बख्शा नहीं जाएगा। प्राथमिक जांच में गैस रिसाव और सुरक्षा मानकों में लापरवाही की आशंका जताई जा रही है। शांक्सी प्रांत चीन का सबसे बड़ा कोयला उत्पादन क्षेत्र माना जाता है और यहां पहले भी कई बड़े खदान हादसे हो चुके हैं।
पीएम कियांग ने दिए जांच के आदेश
चीन के प्रधानमंत्री ली कियांग ने भी बचाव कार्यों और दुर्घटना जांच को लेकर निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने देशभर में कार्यस्थल सुरक्षा निगरानी मजबूत करने और प्रमुख क्षेत्रों में व्यापक सुरक्षा जांच अभियान चलाने की आवश्यकता पर बल दिया। वहीं, उप प्रधानमंत्री झांग कुओझिंग एक विशेष टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंच गए हैं और राहत एवं बचाव कार्यों की निगरानी कर रहे हैं।

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Date : 23 May 2026 Posted By : EDITOR
चीन की कोयला खदान में भीषण विस्फोट, मृतकों की संख्या 85 से ज्यादा पहुंची
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चीन की कोयला खदान में भीषण विस्फोट, मृतकों की संख्या 85 से ज्यादा पहुंची

राष्ट्रपति जिनपिंग बोले- दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा

-प्रधानमंत्री ने दिए जांच के आदेश

बीजिंग : चीन के शांक्सी प्रांत स्थित एक कोयला खदान में हुए भीषण विस्फोट में मरने वालों की संख्या बढ़कर 85 से अधिक हो गई है। इसे चीन में पिछले एक दशक का सबसे बड़ा कोयला खदान हादसा माना जा रहा है। हादसे के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई और बड़े स्तर पर राहत एवं बचाव अभियान चलाया जा रहा है। घटना पर राष्ट्रपति जिनपिंग ने शोक जाहिर करते हुए कहा, दुर्घटना के जिम्मेदार लोगों को बख्शा नहीं जाएगा।
यह दुर्घटना 22 मई को शांक्सी तोंगझू ग्रुप द्वारा संचालित लिउशेन्यू कोयला खदान में हुई। शुक्रवार शाम स्थानीय समयानुसार 7:29 बजे हुए इस विस्फोट के समय खदान के अंदर 247 कर्मचारी काम कर रहे थे। चीन के सरकारी मीडिया रिपोर्ट के अनुसार जहां हादसा हुआ वह शांक्सी प्रांत के किनयुआन काउंटी में स्थित है, जो राजधानी बीजिंग से करीब 520 किलोमीटर दक्षिण-पश्चिम में स्थित है। विस्फोट से पहले खदान में कार्बन मोनोऑक्साइड गैस का अलर्ट जारी किया गया था। कुछ ही देर बाद जोरदार धमाका हुआ, जिसने खदान के भीतर काम कर रहे मजदूरों को चपेट में ले लिया। घटना के समय खदान के अंदर कुल 247 मजदूर मौजूद थे। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि कितने लोग अब भी अंदर फंसे हुए हैं। बचाव दल लगातार राहत कार्य में जुटे हुए हैं और लापता मजदूरों की तलाश जारी है।
हादसे के बाद शुरुआती रिपोर्ट में केवल 8 लोगों की मौत की पुष्टि की गई थी और बताया गया था कि 200 से अधिक मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है। हालांकि बाद में मृतकों का आंकड़ा तेजी से बढ़कर 82 और फिर ज्यादा बताई गई है। आधिकारिक तौर पर सरकारी मीडिया ने भी यह स्पष्ट नहीं किया है, कि मौतों का आंकड़ा अचानक इतनी तेजी से कैसे बढ़ा।
चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने हादसे पर गहरा दुख जताते हुए बचाव एजेंसियों को लापता लोगों को खोजने के लिए हरसंभव प्रयास करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि इस दुर्घटना के जिम्मेदार लोगों को किसी भी हालत में बख्शा नहीं जाएगा। प्राथमिक जांच में गैस रिसाव और सुरक्षा मानकों में लापरवाही की आशंका जताई जा रही है। शांक्सी प्रांत चीन का सबसे बड़ा कोयला उत्पादन क्षेत्र माना जाता है और यहां पहले भी कई बड़े खदान हादसे हो चुके हैं।
पीएम कियांग ने दिए जांच के आदेश
चीन के प्रधानमंत्री ली कियांग ने भी बचाव कार्यों और दुर्घटना जांच को लेकर निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने देशभर में कार्यस्थल सुरक्षा निगरानी मजबूत करने और प्रमुख क्षेत्रों में व्यापक सुरक्षा जांच अभियान चलाने की आवश्यकता पर बल दिया। वहीं, उप प्रधानमंत्री झांग कुओझिंग एक विशेष टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंच गए हैं और राहत एवं बचाव कार्यों की निगरानी कर रहे हैं।

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