मध्य प्रदेश: फर्जी डॉक्टर के इलाज से मौत का आरोप, कलेक्टर ने दिए जांच के आदेश
मध्य प्रदेश: फर्जी डॉक्टर के इलाज से मौत का आरोप, कलेक्टर ने दिए जांच के आदेश
Indore: इंदौर जिले की महू तहसील के बरगोंदा क्षेत्र के पास बीसी बसई गांव में कथित फर्जी डॉक्टर सज्जन सिंह पवार द्वारा बिना किसी मान्य और सक्षम चिकित्सा डिग्री के लकवा और पैरालिसिस के मरीजों का इलाज किए जाने का गंभीर आरोप सामने आया है। शिकायतकर्ता का दावा है कि उसके इलाज के बाद इंदौर जिले में दो से अधिक मरीजों की मौत हो चुकी है।
मामले की शिकायत मंगलवार को इंदौर कलेक्टर शिवम वर्मा की जनसुनवाई में की गई। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर ने मामले की जांच के आदेश दिए हैं।
सांवेर क्षेत्र के चंद्रावतीगंज निवासी शाहरुख हुसैन ने बताया कि उनके पिता को ब्रेन संबंधी तकलीफ होने के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां इलाज के बाद उनकी हालत में सुधार हो गया था। इसके बाद किसी व्यक्ति की सलाह पर उन्हें लकवा का इलाज कराने के लिए सज्जन सिंह पवार के पास ले जाया गया।
शाहरुख हुसैन का आरोप है कि सज्जन सिंह पवार ने उनके पिता को एक इंजेक्शन लगाया, जिसके बाद उनकी तबीयत बिगड़ गई और बाद में उनकी मौत हो गई। उन्होंने आरोप लगाया कि इसी तरह के इलाज के बाद अन्य मरीजों की भी मौत हो चुकी है। शिकायतकर्ता ने बताया कि उन्होंने बरगोंदा थाने में भी शिकायत दर्ज कराई है। इसके अलावा मुख्यमंत्री, प्रधानमंत्री, स्वास्थ्य मंत्री समेत करीब 30 स्थानों पर शिकायत भेजी गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद उन्होंने इंदौर कलेक्टर की जनसुनवाई में पहुंचकर मामले की शिकायत की। कलेक्टर शिवम वर्मा ने शिकायत की जांच कराने और आरोपों की सत्यता के आधार पर उचित कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है। मामले की जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि आरोपी के पास चिकित्सा उपचार के लिए वैध योग्यता और अनुमति थी या नहीं तथा मरीजों की मौत के मामले में उसकी कोई जिम्मेदारी बनती है या नहीं।
